लोभ और प्रीति – आचार्य रामचंद्र शुक्ल। lobh or priti | sukl | hindi notes

इस लेख में आज हम पढ़ेंगे आचार्य रामचंद्र शुक्ल द्वारा रचित लोभ और प्रीति निबंध पर नोट्स जो आपको आपके परीक्षा में मदद करेंगे। इस लेख को अंत तक ध्यान पूर्वक अवश्य करें ताकि आपको किसी प्रकार की इस विषय से जुड़ी कोई समस्या ना रह जाए। लोभ और प्रीति लोभ वस्तु परक होता है …

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भाव या अनुभूति | आचार्य रामचंद्र शुक्ल | ramchandr shukl

 ramchandr shukl hindi notes in details   भाव या अनुभूति (आचार्य रामचंद्र शुक्ल) आचार्य शुक्ल के अनुसार मानव की मूल अनुभूतियाँ दो है सुख तथा दुःख। भाव या मनोविकार की परिभाषा देते हुए लिखते हैं “नाना विषयों के बोध का विधान होने पर ही उनसे सम्बन्ध रखने वाली इच्छा की अनेकरूपता भिन्न -भिन्न अनुभूति भाव …

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